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बह्रटी रहल पारिवारिक अपराध

पहुरा समाचारदाता | २९ फाल्गुन २०७६, बिहीबार
बह्रटी रहल पारिवारिक अपराध

पहुरा समाचारदाता
धनगढी, २९ फागुन । कञ्चनपुरमे बुधके साँझ अपने बाबा छावाके हत्या करले बाटै । भीमदत्त नगरपालिका २ उल्टाखामके डम्बर चन्द १४ वर्षीय छावा सुवर्ण चन्दके धारियार हतियार प्रहार कैके हत्या करल हुइट ।
परिवारभित्रे हुइल यी घटना नौलो भर नाइहो । यिहीसे आघे फेन कञ्चनपुरके भीमदत्त नगरपालिका, ८ तिलाचौरके केशव कार्की गोसिनीया सरस्वती कार्कीके हत्या करल रहिट । ३७ वर्षीय केशव ३६ वर्षीया सरस्वतीहे खेतुवामे हतियारसे हत्या करल हुइट ।
उहे दिन गोदावरी नगरपालिका–१०, ओलानीके २२ वर्षीया लक्ष्मी बडैला प्रेमी दीपक खत्रीसे मिलके गोसिया तेजबहादुर विष्टके हत्या करल रहिट । अस्टे घटना कैलालीके भजनीमे फेन हुइल । भजनी नगरपालिका–९, भुरुवामे निर्मला राजी प्रेमी दिलिप राजीसे मिलके पति नन्दु राजीके हत्या करल रहिट ।
घरभित्रे हुइटी रहल जघन्य अपराध ओत्रेमे किल सीमित नाइ रहल । यी घटना सेलाइ नाइ पैटी कैलालीके लम्कीचुहा नगरपालिका ९ प्रतापपुरमे धारियार हतियार प्रहार कैके इन्द्र चौधरी अपने गोसिनीया गर्भी चौधरीके हत्या करलै ।
कैलालीे जानकी गाउँपालिका–७ गोलौरीके ३५ वर्षीय प्रेमलाल चौधरी ३२ वर्षीया गोसिनीया रमा चौधरीके हत्या कैके अपने फेन आत्महत्या करलै । कुछ समयआघे किल कैलालीके घोडाघोडी नगरपालिका–११ सिसैयामे ५५ वर्षीय उदे रावत ७५ वर्षीय बाबा काल्चे रावतहे धारियार हतियारसे हत्या करलै ।
यी टे प्रतिनिधि घटना किल हुइल । कैलाली ओ कञ्चनपुरमे पाछेक समय समय एकपाछे औरे करटी घरभित्रे अपराध बह्रटी रहल बावै । जिल्ला प्रहरी कार्यालय कैलालीके प्रवक्ता प्रहरी नायव उपरीक्षक दक्ष बस्नेत सामाजिक ओ घरेलु समस्याके कारण घरभित्रे हुइना अपराधमे बह्रटी रहल बटैलै ।
‘अपेक्षा ढिउर रहठ् । उ पुरा नाइ होके फेन समस्या हुइठ्,’ उहाँ कहलै, ‘सामान्य समस्यामे धैर्यता गुमाइबर ओ क्षणिक आवेगमे आके यी मेरके अपराध हुइना करल पाजाइठ् ।’
कञ्चनपुरमे हुइटी रहल अधिकांस यी मेरके घटनामे मादक पदार्थके असर भेटल जिल्ला प्रहरी कार्यालय कञ्चनपुरके प्रहरी नायव उपरीक्षक रबिन्द्र पौडेल बटैलै । ‘मादक पदार्थ सेवनपाछे यी मेरके अपराध हुइना करल पाइल बा,’ उहाँ कहलै, ‘मादक पदार्थ नियन्त्रण करे नाइ सेकके अपराधहरु बह्रटी रहल बावै ।’
जनचेतनाके कमीसे फेन पारिवारीक अपराध बह्रटी रहल उहाँ बटैठै । ‘पारिवारीक झै–झगडा फेन पाछे बरवार रुप लेहल पाइल बा,’ उहाँ कहलै, ‘यकर लाग सबसे पहिले चेतनाके स्तर वृद्धि करैना आवश्यक बा ।’
बदलिँदो सामाजिक परिस्थिति, बढ्दो सामाजिक सञ्जालके प्रयोग लगायतके सामाजिक साँस्कृतिक ओ मनोवैज्ञानिक कारणसे यी मेरके घटना हुइटी रहल कैलाली बहुमुखी क्याम्पसके मनोविज्ञान विषयके सहप्राध्यापक डाक्टर राजेन्द्र शाह बटैलै ।
उहाँ कहलै, ‘परिवर्तनके नाउँमे पश्चिमा संस्कृतिके अन्धानुकरण ओ दण्डहीनतासे यी मेरके घटना बह्रटी रहल बावै ।’

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