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एक हजारसे ढिउर पर्यटकसे सोँस अवलोकन

पहुरा | २५ भाद्र २०७८, शुक्रबार
एक हजारसे ढिउर पर्यटकसे सोँस अवलोकन

धनगढी, २५ भदौ । कैलालीमे डेखपर्ना विश्वमे दुर्लभ गंङ्गेटिक प्रजातिके सोँसनहे इ बरस विदेशीसहित करिब एक हजार पर्यटक अवलोकन करले बाटै ।

टीकापुर ओ भजनी नगरपालिकाके डल्फिन सर्किट क्षेत्रमे पुगके उहाँहुक्रे अवलोकन करल हुइट । कोरोना महामारीहे बेवास्ता कैटी फ्रान्स ओ नेदरल्याण्ड्सके दुई जाने विदेशी पर्यटक, भारतीय पर्यटकसहित आन्तरिक पर्यटक डल्फिन हेरके रमाइल संरक्षणमे क्रियाशील डल्फिन, जलचर तथा जैविक विविधता संरक्षण नेपालके अध्यक्ष भोजराज ढुंगाना जानकारी डेलै ।

उहाँ भारतके असमसे समेत इ बरस डल्फिन अवलोकनके लाग पर्यटक आइल बटैलै । असमवासीसे नेपालमे समुदायस्तरसे हुइटी रहल संरक्षणके प्रशंसा करले बाटै । साथे, उहाँहुक्रे नेपालमे मजासे डल्फिन डेखजैना हुइल ओरसे संरक्षणमे आउर क्रियाशील हुइना आग्रह करले बाटै ।

डल्फिन संरक्षणके लाग आयोजना करल सप्ताहव्यापी कार्यक्रमके क्रममे किल दुई सयसे ढिउर आन्तरिक पर्यटक डल्फिन अवलोकन करल जनाइल बा । सबसे ढिउर बर्दियासे आन्तरिक पर्यटक आइल ढुंगाना जानकारी डेलै ।

कैलालीके कर्णाली, मोहना, पथरैया, काँढा, कान्द्रा लडिया, गैरी खोला लगायत नदीनालामे बर्खाभर डल्फिन डेखजैना करठै । लडियामे पानीके सहत घटलपाछे गहिराई खोज्टी पुनः कर्णाली लडियाके तल्लो तटीय क्षेत्रमे जैना करल बाटै । इहे बीच, गैल अँठ्वार यहाँ डल्फिन गणना फेन करल बा । डाब्स् नेपालसे डल्फिन गणना करल हो । उ क्रममे ६५ से ७० के हाराहारीमे डेखा परल जनाइल बा ।

डल्फिन संरक्षित क्षेत्रके १३ स्थानमे एक साथ गणना करल रहे । सकारे ७ बजेसे १० बजेसमके समय सीमा तोकके अवलोकन विधिसे डल्फिन गणना करल ढुंगाना जानकारी डेलै । एनके अनुसार १३ स्थानमे एक साथ अवलोकन कैके संख्या तोकल हो । यद्यपि, ओकर प्राविधिक विश्लेषण हुइटी रहल ओरसे अन्तिम नतिजा अइना बाँकी रहल बा ।

अवलोकनसे प्राप्त तथ्यांकके प्राविधिक विश्लेषण प्राणीविद डा. मुकेशकुमार चाालिसे करटी रहल बाटै ।

डल्फिन गणनाके लाग अब्बेसम औरे कौनो विधि नैरहल कारण फरक–फरक स्थानमे एकसाथ अवलोकन कैके डल्फिन गणना करटी रहल अध्यक्ष ढुंगाना बटैलै । स्थानीय गणकहुक्रे बैरी झरन, बाउन्नघार उत्तर पुरुवा, मोहना–पथरैया लडियाके दोभान, पथरैया–काँढा लडियाके दोभान, पथरैया नदी–गैरी खोलाके दोभान, जनकपुरघाट जमरा कुलोके दोभानमे डल्फिन गणना करल रहिट ।

ओस्टके, मोहना लडिया ओ रेप्ती नालाके दोभान, मारियाघाट–कुसुमघाट, मोहना–कान्द्रा लडियाके संगम स्थान, तिला घाट, खक्रौला घाट, सत्ती पुल ओ मोहना–कर्णाली लडियाके दोभान (चौगुर्दी घाट) मे डल्फिन गणना करल हो ।

यी ठाउँमध्ये मोहना–पथरैया लडियाके दोभान, पथरैया–काँढा लडियाके दोभान, पथरैया लडिया–गैरी खोलाके दोभानमे सबसे ढिउर डल्फिन डेखल जनाइल बा ।

इहीसे आघे, विक्रम सम्वत २०७३ मे करल गणनामे ६५ ओ २०७५ सालमे करल गणनाके क्रममे ५५ डल्फिन अभिलेख करल रहे । इ बरस डल्फिनके उपस्थिति अत्यन्त मजा रहल उल्लेख कैटी एक स्थानमे एक साथ १५ ठोसम डल्फिन डेखा परल अध्यक्ष ढुंगाना बटैलै ।

कैलालीमे मनसुन सिजन अवधिभर डेखजैटी आइल डल्फिनके संरक्षण स्थानीयस्तरसे हुइटी रहल बा । झन्डे दुई दशकसे स्थानीय व्यक्ति संरक्षणमे क्रियाशील रहल बाटै । उहाँहुक्रे संरक्षणकर्मी भोजराज श्रेष्ठके नेतृत्वमे डल्फिन संरक्षण करटी आइल बाटै ।

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