आज देशभर विश्वकर्मा पूजा मनागिल
पहुरा समाचारदाता
धनगढी, १ कुँवार । आज असोज १ गते देशभर टमान यन्त्र, औजार, प्रविधि ओ सवारीसाधनके पूजा करके भगवान् विश्वकर्माके आराधनासहित विश्वकर्मा पूजा मनागिल बा । समुद्र मन्थनसे उत्पत्ति हुइल भगवान् विश्वकर्माके जन्म आजके दिन हुइल धार्मिक विश्वास रहल इ दिनहे विश्वकर्मा जयन्तीके रूपमे मनैना करठै ।
विश्वकर्मा पूजाके अवसरमे उद्योग, कलकारखाना, ग्यारेज, वर्कसप ओ टमान व्यापारिक प्रतिष्ठानमे कार्यरत मजदुर, कलाकार, शिल्पकार ओ उद्यमीहुकरे अपन मेसिनरी सामान ओ औजारके सरसफाइ करके विशेष पूजा करना परम्परा बा ।
धार्मिक मान्यताअनुसार महादेव, ब्रह्मा ओ विष्णुहे क्रमशः सृष्टिके सिर्जना ओ पालनके जिम्मेवारी देहल रहे । सृष्टि निर्माणके कार्य सम्पन्न कैना ब्रह्मा अपन वंशज देवशिल्पी विश्वकर्माहे आदेश देहल धार्मिक कथन पाइजाइठ ।
विश्वकर्माहे विश्वके पहिल इन्जिनियर ओ वास्तुकारके रूपमे मनठी । पौराणिक कथनअनुसार उहाँ पाताल, मध्यलोक ओ स्वर्गलोक करके तीन लोकके निर्माण करल रहिट ।
उहाँके प्रमुख कृतिहे सत्ययुगके स्वर्गलोक, त्रेतायुगके लंका, द्वापरयुगके द्वारिका ओ कलियुगके जगन्नाथ मन्दिरके विशाल मूर्तिहे उल्लेख करठी । धार्मिक विश्वासअनुसार भगवान् विश्वकर्मासे कृष्णके द्वारका, पाण्डवके मयसभा ओ देवताके टमान हातहतियारसमेत निर्माण करल रहे । ऋग्वेदके ११ ठो ऋचामे समेत भगवान् विश्वकर्माके महिमा वर्णन करल पाइजाइठ ।
