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[ वि.सं २७ माघ २०८२, मंगलवार ]
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कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई): विद्यार्थी ओ शिक्षकके लाग अवसर, सहयोग ओ जिम्मेवारी

पहुरा | २७ माघ २०८२, मंगलवार
कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई): विद्यार्थी ओ शिक्षकके लाग अवसर, सहयोग ओ जिम्मेवारी

सूचना प्रविधिके तीव्र विकाससँगे कृत्रिम बुद्धिमत्ता (Artificial Intelligence (एआई) आज शिक्षा क्षेत्रके महत्वपूर्ण हिस्सा बन्टी गैल बा । विद्यार्थीके सिकाइ केल्ह नाही, शिक्षकके शिक्षण प्रक्रियाहेफे एआईसे नयाँ दिशा डेले बा । सही रूपमे प्रयोग करे सेक्लेसे एआईसे कक्षा कोठा शिक्षणहे सहज, प्रभावकारी ओ रुचिकर बनाई सेकठ ।

आजके विद्यार्थीहुक्रे एआईके सहायतासे कठिन विषयहे सरल भाषामे बुझे सेक्ठै । पाठके सार, उदाहरण, अभ्यास प्रश्न ओ भाषा अनुवाद जैसिन सुविधासे विद्यार्थीके बुझाइ गहिर बनाइल बा । विशेष करके अंग्रेजी जैसिन कठिन विषयमे एआईसे पाठहे सरल नेपालीमे अनुवाद करडेहेबेर विद्यार्थीसे भाव ओ अर्थ स्पष्ट रूपमे बुझे लागल बटै । शब्दके अर्थ खोज्न ओ सन्दर्भ अनुसार बुझन एआई अत्यन्त उपयोगी हुइल बा । यिहीसे कमजोर विद्यार्थीहे आत्मविश्वास डेले बा । कलेसे जिज्ञासु विद्यार्थीहे ठप खोज ओ अध्ययनओर प्रेरित करले बा ।

शिक्षकके रूपमे एआई शिक्षण सामग्री तयारीमे एक प्रभावकारी सहयोगी बनल बा । मै स्वयं च्याट जिपिटी प्रयोग करटी आइल बट्ु । यिहीसे कक्षा कोठाके लाग सामग्री तयार कैना ढेर सहयोग करले बा । प्रश्नपत्र, नोट वा पुस्तककृे स्क्यान करल तस्बिरहे ठ्याक्के शब्दमे रूपान्तरण कैना एआई अत्यन्त उपयोगी हुइल बा । यिहीसे समय बचत कैनाके साथे सामग्रीके शुद्धताफे कायम रख्न मद्दत करले बा ।

ओस्टेक करके, कठिन अंग्रेजी पाठहे सरल नेपालीमे अनुवाद कैना, वाक्यके अर्थ बुझैना ओ शब्दके अर्थ स्पष्ट कैना एआईसे हाली सहयोग करठ । यी काम सामान्यतया ढेर समय लग्ना रहठ, मने एआईके सहयोगसे शिक्षकसे कक्षा कोठा शिक्षणमे ढेर ध्यान डेहे सेक्ना वातावरण बनल बा ।

प्रस्तुतीकरण तयार कैना क्रममेफे एआई बहुट उपयोगी डेखल बा । नम्मा ओ जटिल पाठहे सरल वाक्य ओ बुँदागत रूपमे रूपान्तरण कैना एआईसे तुरुन्त सहयोग करठ । यिहीसे विद्यार्थीहे बुझ्न सहजुल बनाइठ ओ शिक्षकहे नम्मा पाठ छोट्यइना चिन्तासे मुक्त करठ । कक्षा शिक्षण यी कारण आउर स्पष्ट ओ प्रभावकारी हुइल बा ।

एआईके सहयोगसे कक्षा शिक्षणमे क्वीज ओ अभ्यास गतिविधिफे स्मार्ट बनल बा । विषय अनुसार प्रश्न तयार कैना, विकल्प बनैना ओ विद्यार्थीके स्तरअनुसार क्वीज डिजाइन कैना एआई उपयोगी सावित हुइल बा । यिहीसे कक्षामे विद्यार्थीके सहभागिता बढाइल बा ओ सिकाइहे रमाइलो बनैले बा ।

म सामुदायिक विद्यालयमे अध्यापन करटी रहल बटु, जहाँ ढेर विद्यार्थीहे अंग्रेजी भाषा सिक्न कठिनाइ हुइठ । मने मोर अनुभवसे डेखाइल बा कलेसे जब विद्यार्थीनहे एआई प्रयोग करके शब्दके अर्थ खोज्न, वाक्य बुझ्न ओ थप जानकारी खोज्न सिखाजाइठ, ओइनमे सिकाइप्रतिके रुचि बह्रठ । एआई डरके विषय नैहो, खोज ओ सिकाइके साधनके रूपमे प्रस्तुत करेबेर विद्यार्थीहुक्रे सक्रिय ओ उत्साहित विल्गैठै ।

मने एआईके प्रयोगसँगगे कुछ चुनौतीफे बटै । यदि विद्यार्थीसे सोचे नैपर्ना करके एआईसे आइल उत्तर केल्ह प्रयोग करलेसे सिर्जनशीलता ओ आलोचनात्मक सोच कमजोर हुई सेकठ । टबमारे शिक्षकसे विद्यार्थीनहे एआईसे प्राप्त जानकारीहे जाँच कैना, बुझ्न ओ अपने शब्दमे प्रस्तुत कैना बानी विकास कराई परठ ।

एआई न टे शिक्षकके विकल्प हो, न विद्यार्थीके सोचके सट्टा काम कैना साधन । सही तरिकासे प्रयोग करलेसे भर यिहीसे शिक्षण–सिकाई प्रक्रियाहे गहिर, प्रभावकारी ओ रुचिकर बनाई सेकठ । विशेष करके सामुदायिक विद्यालयके विद्यार्थीके लाग एआईसे सिकाइमे नयाँ सम्भावना खोलल बा ।

अन्ततः प्रविधि नैहो, मानव विवेक, परिश्रम ओ सही मार्ग दर्शन शिक्षाके मूल आधार हुइठ ।

(लेखक नारायण ढकाल श्री दिपेन्द्र माध्यमिक विद्यालय, हसुलिया, कैलालीके अंग्रेजी शिक्षक हुइट ।)

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