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महिलावादी नेतृत्व विकास तालिम सम्पन्न

पहुरा | २६ बैशाख २०८३, शनिबार
महिलावादी नेतृत्व विकास तालिम सम्पन्न

पहुरा समाचारदाता
धनगढी, २६ बैशाख ।
महिला पुनस्र्थापना केन्द्र (ओरेक)के आयोजनामे धनगढीमे तीन दिने महिलावादी नेतृत्व विकास तालिम शुकके रोज धनगढीमे सम्पन्न हुइल बा ।

ओरेकसे सञ्चालित ‘रुपान्तरणका लागि सँगसँगै परियोजना’ अन्र्तगत सशक्त महिला समृद्ध नेपाललगायतके सहकार्यमे कञ्चनपुर, डोटी ओ बाजुराके महिला मानव अधिकार रक्षकहुकनके उ तालिम डेगिल महिला पुनस्र्थापना केन्द्र (ओरेक)के सुदूरपश्चिम प्रदेश संयोजक सपना थापा जानकारी डेली ।

महिला पुनस्र्थापना केन्द्र (ओरेक) से महिला तथा किशोरीहुकनके अधिकार संरक्षण ओ प्रबर्धनके लाग निरन्तर तथ्यमे आधारित पैरवी करटी आइल उहाँ जनैली । संस्थासे महिला मानव अधिकार रक्षक, सामुदायिक संस्था, महिला समूह, सञ्जाल, युवा तथा किशोरी समूहसँग समन्वय करटी महिला तथा किशोरीउप्पर हुइना हिंसाके घटनाके सङ्कलन, व्यवस्थापन, अभिलेखीकरण ओ विश्लेषण नियमित रूपमे कैटी आइलफे संयोजक बटैली ।

तीन दिने तालिमके सहजकर्ता तनुजा बस्नेत तालिममे सहभागीहुक्रे आ–अपन जिल्लाके योजना बनैटी लागु कैना प्रतिवद्धता जनैना भारी बाट रहल बटैली ।

उहाँ कहली, यिहीसे आघेफे महिला मानव अधिकार रक्षकहुक्रे समाज परिवर्तन तथा महिलाहुकनके अधिकारके स्थापना, स्वतन्त्रता, समानताके लाग काम करटी आइल रहिट । यी तालिम पश्चात झन सशक्त रुपमे लग्ना बाट आइलपाछे खुशी लागल बा । तालिममे सिखल चिज व्यवहारमे कार्यान्वन हुइलेसे सबसे भारी उपलब्धी रही ।महिला मानव अधिकार रक्षकहुकनसे जिल्लागत रुपमे बनाइल योजनाहे ओेरेकसे समन्वय कैना डेना, सिखडेना आग्रह करली ।

कञ्चपुरके सानु चौधरी आपन अनुभव सुनैटी तालिममे सहभागि हुइना भारी नैरहल बल्की तालिममे सिखल बाट व्यवहारमे लागु कैना भारी रहल बटैली ।

उहाँ कहली, तीन दिनके अवधिमे ढेर बाट सिखगैल मने प्राथमिकताके आधारमे पहिचान करके आघे बह्रेपर्ना जरुरी डेखल बा । हम्रे नेतृत्व करटी रहल मने नीतिगत बाटमे कम्जोर रहल बटी जौन यी तालिमसे सिख्ना मौका जुरैले बा ।
हम्रे लराई लरे जाइटी कहलेसे हठियार टे हुई परल, उहाँ कहली, मने तथ्यगत प्रमाण नैहुइटसम बहुट चो पाछे सरे परल अवस्था बा ।

तालिममे नीति नियमसंगे कौन दफामे का अधिकार सुनिश्चित करल बा, उ तालिमसे प्रष्ट हुइल उहाँ बटैली । बजेटमेफे महिलामैत्री वा लैङिक समानता बा की नै, नीतिमे रहल मने व्यवहारमे रहल नैरहल बाट सिख्ना मौका मिलल बटैली ।
ग्रामीण क्षेत्रके महिलाहुक्रे प्रजनन अधिकारके बाट बुझल, हिंसामे परल महिलाहुकनके न्याय प्रदान करेकलाग कौन निकाय, प्रक्रियासे जैनाबारे सिख्ना अवसर पैना महत्वपूर्ण लागल बटैली ।

तालिममे डोटी ओ बाजुराके सहभागीहुक्रेफे आपन बाट रख्टी तालिममे सिखल बाट व्यवहारमे कार्यान्वयन कैना प्रतिवद्धता जनैले बटै ।

ओरेक नेपाल केन्द्रीय कार्यालयके कार्यक्रम संयोजक सुभा विसि तीन दिने तालिममे प्रस्तुतीकरण हुइल विषयबस्तुबारे जानकारी कराइल रही । तालिममे महिला अधिकारके बाट, हानिकारक अभ्यासः समाजके चुनौती(छाउपडी प्रथा, बालविवाह, बोक्सीके आरोप, दाइजो प्रथा, भ्रुण हत्या) जौन हानिकारक परम्परासे महिलाउप्पर हुइना हिंसा हो ।

ओस्टेक करके हिंसाके प्रभावः तरङ मे हिंसा, व्यत्ति, समाज, अर्थतन्त्र ओ राष्टके बाट सिखगैल रहे । न्याय ओ सहायता प्रणालीः कहाँ जैना हिंसा प्रभावितहुक्रे न्यायिक समिति÷स्थानीय तह, नेपाल प्रहरी, अदालत, महिला तथा बाल हेल्पलाइन, एकद्वार संकट व्यवस्थापन केन्द्र (ओसिएमसी) स्वास्थ्य सेवा, मानसिक परामर्श, कानूनी सहायता, सुरक्षित आवासबारे जानकारी डेगिल रहे ।
तालिममे लैङिक उत्तरदायी बजेट ओ ओकर चरण, अधिकारमे आधारित पैरबी, समानताके यात्रा, हमार साझा, दायित्वबारे प्रस्तीकरण हुइल कार्यक्रम संयोजक सुभा जनैली ।

कार्यक्रममे प्राविधिक रुपमे सहजीकरण ओरेक कैलालीके संयोजक गीता चौधरी करल रहिट । तीन दिने तालिमके समापन कार्यक्रम कल्पना साउदके अध्यक्षतामे हुइल रहे । तालिममे कञ्चनपुर, डोटी ओ बाजुराके महिला मानव अधिकार रक्षकहुकनके सहभागिता रहे ।

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