बंगालके खाडीमे अर्नब चक्रवात नेपालमे वर्षासे हिमपातके जोखिम
काठमाडौं, १० कात्तिक । बंगालके खाडीमे विकसित ‘अर्नब’ चक्रवातके प्रभावसे नेपालके टमान स्थानमे वर्षा ओ उच्च हिमाली क्षेत्रमे हिमपातके जोखिम डेखल बा ।
नेपालमे बिफेक साँझसे शनिच्चरसम प्रणालीके प्रभाव रहना प्रारम्भिक पूर्वानुमान रहल बा । इहीसे अँट्याइ नैपर्ना मने सतर्क भर हुइ पर्र्ना नेपाल मौसम विज्ञान विभागसे जनैले बा । विभागके प्रवक्ता एवम् वरिष्ठ मौसमविद् विभूति पोखरेलके अनुसार चक्रवातके अवशेषसे पर्याप्त जलवाष्पयुक्त हावा बोकके लन्ना ओ उप्परका वायुमण्डलके प्रणालीसँग अन्तरक्रिया कैना हुइल ओरसे नेपालमे वर्षा ओ हिमपातके पूर्वानुमान करल हो । ‘मने अब्बे अँट्याइ पर्ना अवस्था नैहो, सतर्क भर रहे परी,’ पोखरेल कहली ।
पाछक पूर्वानुमानअनुसार देशके ढेर स्थानमे हल्कासे मध्यम वर्षा हुइना ओ कुछ स्थानमे भारी वर्षा हुइ सेक्ना सम्भावना रहल बा । यद्यपि, प्रणाली नेपाल नजिक आइटसम कमजोर हुइलेसे वर्षाके प्रभाव कम हुइ सेक्ना ओ अपेक्षाकृत शक्तिशाली रहलेसे प्रभाव बह्रे सेक्ना पोखरेल बटैली । ओहकान अनुसार उच्च हिमाली क्षेत्रमे बाक्लो हिमपात, हिमआँधी ओ हिमपहिरोके जोखिम रहे सेकी ।
हिमाली क्षेत्रमे पर्यटकीय गतिविधिमे संलग्न व्यक्ति ढेर जोखिममे परे सेक्ना हुइल ओरसे सुरक्षित स्थानमे बैठ्ना ओ सम्भव रहटसम उच्च हिमाली क्षेत्रमे यात्रा नैकैना उहाँ सुझाव डेली । पहिरोके जोखिम रहल स्थान तथा सडकखण्डमे यात्रा करेबर फेन सावधानी अपनाइ पर्ना उहाँके कहाइ रहल बा । मौसम ओ सडकके अवस्था बुझके किल यात्रा कैना उहाँ आग्रह करली । धान कटुइया किसानहे सतर्क रहना आग्रह वर्षासे कृषि क्षेत्रमे समेत असर पारे सेक्ना डेखल बा । अब्बे धान कट्ना समय हुइल ओरसे किसान मौसमके पूर्वानुमानहे ध्यानमे राखके कृषि कार्यके योजना बनाइ पर्ना पोखरेल बटैली । धान कट्नासे आघे मौसम विज्ञान विभागसे जारी कैना आधिकारिक सूचना ओ पूर्वानुमान हेर्ना उहाँ किसानहे आग्रह करले बटी ।
चक्रवातके अवशेषके गति, दिशा ओ तीव्रताअनुसार वर्षा हुइना समय तथा प्रभाव फरक परे सेक्ना हुइल ओरसे प्रणालीके निरन्तर अनुगमन आवश्यक रहल उहाँके कहाइ रहल बा । जोखिमयुक्त क्षेत्रमे बसोबास करुइया नागरिक फेन आवश्यक सतर्कता अपनाइ पर्ना उहाँ बटैली । पोस्ट–मनसुनमे वर्षा हुइना सामान्य मनसुन ओराइलपाछे सुरु हुइना पोस्ट–मनसुन अवधिमे फेन वर्षा हुइना सामान्य प्रक्रिया रहल पोखरेल बटैली ।
नेपालमे अक्टोबर ओ नोभेम्बर सामान्यतया मौसम सफा रहना महिना रलेसे फेन इहे समयमे बंगालके खाडी ओ अरब सागरमे चक्रवात विकसित हुइना सम्भावना रहठ् । समुद्रमे विकसित हुइना सक्कु चक्रवात वा न्यून चापीय प्रणाली नेपालसम नैपुगठ् । मने, कुछ प्रणाली उत्तर वा उत्तरपश्चिमओर सरटी नेपाल लग्गे पुगके वर्षा कराइ सेकठ् । अइसीन प्रणालीसे उच्च हिमाली क्षेत्रमे हिमपातसमेत कराइ सेक्ना उहाँ बटैली । अइसीन घटना इहीसे आघे फेन हुइल बावै । ओहेमारे अब्बे नयाँ घटना हुइल कना नैहो,’ पोखरेल कहली ।
जलवायु परिवर्तनसे नयाँ मौसमी घटना किल सिर्जना कैना नैहोके पहिले फेन हुइना करल घटनाके आवृत्ति ओ तीव्रतामे समेत प्रभाव पारे सेक्ना उहाँके कहाइ रहल बा । ओहेमारे अइसीन मौसमी घटनाके नियमित अध्ययन ओ अनुगमन आवश्यक रहल उहाँ बटैली । आधिकारिक सूचना हेर्ना आग्रह मौसमके पाछक अवस्थाबारे जानकारी लेना मौसम विज्ञान विभागके आधिकारिक सूचना ओ सामाजिक सञ्जालसे जारी हुइना अद्यावधिक हेर्ना पोखरेल आग्रह करली । मौसमबारे फैलना हल्लाके आधारमे त्रासमे नैबैठे पर्ना मने सम्भावित जोखिमहे बेवास्ता फेन नैकरे पर्ना उहाँके सुझाव रहल बा । आधिकारिक पूर्वानुमानके आधारमे यात्रा, कृषि कार्य ओ अन्य गतिविधि तय कैना उहाँ आग्रह करली ।
