थारु राष्ट्रिय दैनिक
भाषा, संस्कृति ओ समाचारमूलक पत्रिका
[ थारु सम्बत १३ अगहन २६४६, मंगर ]
[ वि.सं १३ मंसिर २०७९, मंगलवार ]
[ 29 Nov 2022, Tuesday ]

मच्छीसंगे बक्टी उत्पादनके आखारा पुरैना टलुवा

पहुरा | १९ श्रावण २०७७, सोमबार
मच्छीसंगे बक्टी उत्पादनके आखारा पुरैना टलुवा

पहुरा समाचारदाता
हसुलिया, १९ सावन ।
पछिल्का समय कमल पोखरीसे चिन्जैना कैलालीके पुरैना टलुवा व्यावसायिक मच्छी ओ बक्टी पालनके प्रमुख आखाराके रुपमे स्थापित हुइटी गैल बा ।

कैलारी गाउँपालिका–३ स्थित उ टलुवामे तीन जाने साझ्या रुपमे मच्छी ओ बक्टी पालन करल हुइट । ३५ बिघा क्षेत्रफल रहल उ टलुवामे गैल बरसे मच्छी ओ बक्टी पालन सुरु करल व्यावसायके एक साझेदार मनिराम चौधरी बटैलै ।

‘टलुवामे मच्छी किल नाई बक्टी पालन फेन मजा व्यवहाय हो,’ उहाँ कहलै– ‘एक्के टलुवाम्से दोहोरो लाभ लेहे सेकजिना हुइलओरसे हम्रे बक्टी फेन पल्ले बाटी ।’ बक्टी मच्छीन्के लाग चाहना अक्सिजन फेन बह्रैना मदत कर्ना बटाजाइठ ।

टलुवामे एक हजार ६०० बक्टीक् बच्चा डारगिल रहे । आउर छोट्टेमे मुवलपाछे हाल, करिब पाँच सय बरवार बक्टी रहल मनिराम बटैलै ।

‘बरवार बक्टीन्हे हम्रे आँरा (अण्डा) पराइक् लाग राख्ले बाटी । आँरा बिक्री नैकर्ले हुईं,’ उहाँ कहलै– ‘ओहिसे बच्चा उत्पादन करके बक्टीन्के संख्या बह्रैना योजना बा ।’

कैलारी गाउँपालिकाहे वार्षिक १७ लाख रुप्या टिर्ना कैके ठेक्कामे लेहल उ टलुवामे व्यावसायिक रुपमे मच्छी ओ बक्टी पालन करगिल हो । भूमिराज बिल्डर्स प्रालिके नाममे ठेक्का सम्झौता कैलारी गाउँपालिसे हुइल बा । टलुवाके व्यवस्थापनसे पूर्वाधार निर्माण, मच्छीन्के भूरा ओ बक्टीन्के बच्चा डर्नासमके हालसम ५२ लाख रुपियाँ लगानी करल जनागिल बा ।

अप्नेहुक्रे लगानी जारी राखल ओरसे अभिनसम प्रतिफल नैलेहल भूमिराज बिल्डर्स प्रालिके राजु चन्द बटैलै । ‘अभिन लगानीके क्रममे बाटी,’ उहाँ कहलै– ‘लगानी बह्राइलओरसे भविष्यमे मजा प्रतिफल लेहे सेक्ना विश्वास बा ।’

टलुवामे लाउ सयर कर्नासे लेके टलुवाक् मच्छी ओ बक्टी ओहे ठाउँमे पकाके खाई सेक्ना सुविधाहे मध्यनजर करके चमेना गृह सञ्चालनमे नन्ना योजना रहल फेन जनागिल बा । ओस्टके टलुवा क्षेत्रमे व्यावसायिक घरैया मुर्गी, सुव्वर पल्ना काम फेन आघे बह्राइल बटागिल बा । ‘हम्रे यहाँ एग्रो टुरिज्म्के रुपमे पर्यटन विकास करे चाहल बाटी,’ चन्द कहलै– ‘अभिन ढिउर व्यवस्थापन कर्ना बाँकी बा ।’

कुछ बरस याहोरसे कमल पोखरी नामाकरण कर्लेसे फेन यकर वास्ताविक ओ ऐतिहासिक नाउ पुरैना टलुवा हो । थारु जाति यी टलुवामे पहिलेसे यी टलुवामे मच्छी मर्ना ओ टलुवामे रहल परैनाक् (कमल) पट्टा टुरके टमान काममे प्रयोग करटी आइल रहिट ।

जनाअवजको टिप्पणीहरू